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रविवार, 16 मई 2010

निकुंज की पेंटिंग का प्रदर्शन Fine Art फेस्टिवल में

पिकासा में देखने के लिए यहाँ क्लिक करें

बहुत व्यस्त सप्ताहांत रहा, शुक्रवार से लेकर अब तक कुछ न कुछ लगा ही रहा, शुक्रवार के बारे में बाद में बात करूँगा एक अलग ब्लॉग पोस्ट के जरिये, पहले  शनिवार की बात कर लूं,  क्यूंकि ये एक बहुत ही सुखद अनुभव था. 

हमें निकुंज की आर्ट टीचर के जरिये निमंत्रण मिला कि निकुंज की पेंटिंग का चयन जिले लेवल की एक आर्ट प्रदर्शनी में हो रहा है.  जैसा कि हर पालक को ऐसी न्यूज़ सुनकर गर्व और खुसी होगी, हम भी बहुत उत्सुक थे कि ऐसा क्या बनाया जो इस तरह के सम्मान मिला.  Metea Valley High School हमारे घर के पास में ही स्थित है जहाँ पर ये प्रदर्शनी रखी गयी थी. 

पहुंचकर पता लगा कि सुबह ९ बजे से लेकर ४ बजे तक कई संगीत के कार्यक्रम है.  इन सितारों को मैंने  वहां चमकते देखा,  सबने अपनी अपनी कला के माध्यम से कुछ न कुछ अद्वितीय रच रखा था.  कलाकृतियाँ बहुत कुछ बयाँ कर रही थी.  प्राथमिक शाळा के ये छात्र हर कोने में अपनी कला के जरिये अपनी उत्कृष्ट सोच का नजरिया पेश कर रहे थे.

निकुंज ने अपनी पेंटिंग में , एक L के आकर का चित्र बनाया हुआ था और उसमें L से शुरू होने वाली कई चीजें बना रखी थी. जैसे औरतें  (Ladies ), लालीपॉप, लोबस्टर , पुस्तकालय (Library ) इत्यादि.   चयन करने वाले ने अवश्य ही निकुंज कि सोच को ध्यान में रखकर उसकी पेंटिंग का चयन किया होगा.

साथ में ही संगीत का भी आयोजन था,  बहुत सारे बच्चे एक साथ कई तरह के संगीत वाध्ययंत्र अनुशाषित होकर बजा रहे थे.  सभी सफेद रंग कि कमीज और काले रंग का पतलून पहने हुए थे.  देखकर मेने निकुंज को समझाया कि देखो अनुशासन और क्रमबध्द्ता का जिंदगी में कितना महत्व होता है, ये न हों तो संगीत में वो जान ही नहीं रहेगी और न ही वो आनंद आएगा.

अमेरिका में (जहां तक मैंने देखा है अभी तक)  हर स्कूल में पुस्तकालय , खेल के मैदान,  और इसी तरह की अन्य  गतिविधियों को ध्यान में रखकर ही हर स्कूल का निर्माण किया जाता है, एक जिले के सारे स्कूल का नक्सा और बनावट एक जैसा मिलेगा और हर स्कूल के साथ एक मशहूर टीम, या फिर जानवर जैसे शेर,  घोडा या फिर चीते को स्कूल के नाम से जोड़ देते है, जिससे कि एक पहचान हो सके और हर छात्र अपने स्कूल को उस चिन्ह या शौर्य  से परिभाषित कर सके.

कुल मिलकर स्पोर्ट्स, आर्ट और पढाई पर बराबर का ध्यान देने की कोशिश कि जाती है, अभी तक तो निकुंज बस्ता में कुछ लेकर नहीं  जाता, उधर से प्रोजेक्ट बनाकर ही लाता है. अगर आप सजग है तो निश्चित ही ये मॉडल हर छात्र का विशिष्ट निखारने के लिए सर्वोपयुक्त है.