हिंदी - हमारी मातृ-भाषा, हमारी पहचान

हिंदी को राष्ट्रभाषा बनाने के लिए अपना योगदान दें ! ये हमारे अस्तित्व की प्रतीक और हमारी अभिव्यक्ति का सशक्त माध्यम है !

मंगलवार, 10 अगस्त 2010

तू जहाँ जहाँ चलेगा , वोनेज साथ देगा !!!

आपको कैसा लगेगा यदि आपके घर के फोन से ६०-७० देशों में फ्री में बात हो सके ?  और आपका फोन नंबर एक ही रहे, कहीं भी किसी भी देश में उठाकर घूमो उस फोन को ?

अमेरिका की एक कंपनी इस तरह की फोन सेवाएं देती हैं जिसमें तकरीबन १५०० रूपये प्रतिमाह में आप करीब ६० देशों में किसी भी लैंड लाइन या फिर मोबाइल फोन imagesपर बात कर सकते हैं,  वोनेज (Vonage) नाम की इस कंपनी ने जैसे हम भारतीयों के तो मजे ही कर दिए। ये आपको एक छोटा सा receiver देते हैं जो आपको अपने मोडेम से जोडना होता है, बस अगर आपके घर में इन्टरनेट हैं तो जहाँ भी आप ये receiver मोडेम से जोडेंगे, आपका फोन तैयार है आपकी सेवा में। voice over IP (VOIP) की तकनीक पर चलने वाला ये फोन मुझे तो सूचना क्रान्ति की एक बहुत ही बढ़िया खोज  लगी।

अब जैसे मैं कुछ दिनों के लिए शिकागो से न्यू योर्क आ गया हूँ परिवार के साथ, तो बस फोन भी साथ में पैक कर लिया,  न्यू योर्क आते ही फोन को मोडेम से लगाया तो बस चल बैठा वही सैम टू सैम नंबर फिर से। दिन में कितने भी घंटे भारत बात करो, जैसे कि मैं भारत के एक शहर से दूसरे शहर फोन मिला रहा होऊं !

यहाँ की जो छोटी कंपनियाँ भारत से काम कराती हैं उन्होंने यही फोन यहाँ से खरीद कर भारत भेज दिए हैं, जब कोई वहाँ उस फोन से अमेरिका फोन करता है तो यहाँ के लोगों के लिए तो यही लगता है कि ये फोन लोकल नंबर से आया है, साथ ही ISD कॉल से आने वाले बड़े से बिल से भी निजात मिल जाती है।

कुछ लोगों ने ये फोन अपने घरवालों के लिए भारत भेज दिए हैं , वहाँ से (भारत से) किसी भी अमेरिका के , सिंगापुर या अन्य देशों के नंबर पर फोन करो बिना बिल के बारे में सोचे। अब आप को पता लग गया कि अमेरिका से लोग कैसे तुरंत फोन घुमा देते हैं भारत में आजकल :) 

जब छुट्टी पर भारत आओ तो यही  receiver  साथ रख लाओ, भारत भी फोन करो और अमेरिका भी - नंबर वही रहेगा , केवल जगह बदल रही है बस।  कुल मिलालर इन्टरनेट है तो ये फोन भी है, अगर इन्टरनेट चला गया तो ये फोन काम नहीं करेगा।   और शायद अमेरिका के एड्रेस पर ही ये फोन मिलाता है, बस एक बार लेने की देर हैं यहाँ के एड्रेस से , उसके बाद आपका क्रेडिट कार्ड इसके बिल से कनेक्ट हो जाता है, हर महीने क्रेडिट कार्ड से $२५-$३५ कट जाता हैं, यानी आप भारत का क्रेडिट कार्ड भी उपयोग कर सकते हैं।  मेरे प्रोजेक्ट में आने वाले कई देसी लोग ये फोन लेकर यहाँ से जाते हैं।  पता नहीं भारत में इन्टरनेट की स्पीड स्लो है तो ये कितना सही चलेगा पर यहाँ मुझे अभी तक ऐसी कोई समस्या नहीं दिखाई दी हैं !!

ये रही इनकी वेबसाइट - http://www.vonage.com/

मैं तो कम से कम बहुत ही प्रभावित हूँ इनकी सेवाओं से, कोई तो है जिसने अपनों से मुझे हर वक्त कनेक्ट होने की आजादी दे रखी है !!

17 टिप्‍पणियां:

प्रवीण पाण्डेय ने कहा…

सारा विश्व एक डब्बे में समेट कर रख दिया। लगता है एक लेना पड़ेगा।

ajit gupta ने कहा…

राम त्‍यागी जी, हम भी अमेरिका में इसी के सहारे समय काट सके। आप सभी से बातें हो जाया करती थी। लेकिन फोन को भारत ले आओ यह समझ नहीं आया?

anoop joshi ने कहा…

ab sir me to videsh me sirf do aadmi ek aap or ek sameer sir ko janta hun. filhaal mere liye to ek daba hi hai.....

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक ने कहा…

हाँ जी!
नेट के कारण दुनिया सिमट कर छोटी हो गई है!

भवदीप सिंह पहेले STD ISD महंगा होता था तो कितने शौंक से सबको होली-दिवाली-जन्मदिन-नएसाल की शुभकामनायें दिया करते थे. ने कहा…

पहेले STD ISD महंगा होता था तो कितने शौंक से सबको होली-दिवाली-जन्मदिन-नएसाल की शुभकामनायें दिया करते थे.

अब जब ये सब बहुत सस्ता या मुफ्त (vonage ) हो गया है तो हमारे पास समय नहीं है, दूरभाष पर बात करने का. एक विद्युत्-पत्र या लघु सन्देश के द्वारा काम चला लेते हैं.

मतलब ये के दुनिया छोटी हो गए, पर दिल की दूरियां बढ गयीं हैं?

भवदीप सिंह पहेले STD ISD महंगा होता था तो कितने शौंक से सबको होली-दिवाली-जन्मदिन-नएसाल की शुभकामनायें दिया करते थे. ने कहा…

पहेले STD ISD महंगा होता था तो कितने शौंक से सबको होली-दिवाली-जन्मदिन-नएसाल की शुभकामनायें दिया करते थे.

अब जब ये सब बहुत सस्ता या मुफ्त (vonage ) हो गया है तो हमारे पास समय नहीं है, दूरभाष पर बात करने का. एक विद्युत्-पत्र या लघु सन्देश के द्वारा काम चला लेते हैं.

मतलब ये के दुनिया छोटी हो गए, पर दिल की दूरियां बढ गयीं हैं?

राज भाटिय़ा ने कहा…

अजी बहुत सुंदर बात बताई आप ने, हमारे यहां तो फ़ोन मंहगा ही है, लेकिन ज्यादा मंहगा भी नही पुरे जर्मी के लिये हम कही भी लेंड लाईन पर फ़ोन करे मुफ़त है, क्योकि महीने के कुछ पेसे ज्यादा देने पडते है, लेकिन अच्छा जुगाड है,धन्यवाद

राजभाषा हिंदी ने कहा…

बहुत अच्छी प्रस्तुति।
राजभाषा हिन्दी के प्रचार-प्रसार में आपका योगदान सराहनीय है।

ललित शर्मा ने कहा…

भाई राम जी,यो तो बढिया जु्गाड़ है।
इंडिया वाळे भी कोई न कोई तोड़ लिकाड़ ही लेगें।

राम राम

रानीविशाल ने कहा…

Sahi kaha aapane....Hamane bhi in dino aisa hi kiya hua hai:)
NY se kuch samay ke liye LA aae apana dibba utha laae hai ...bhadiya kaam chal raha hai !!

सतीश सक्सेना ने कहा…

यह तो चाहिए ...शुक्रिया जानकारी देने के लिए !

डॉ टी एस दराल ने कहा…

बड़े काम की जानकारी दी है आपने । आभार ।

abhi ने कहा…

अब न समझ में आई बात की कैसे मेरे दोस्त सब फोन पे आधा घंटा, एक घंटा बात करते हैं.....अच्छा हुआ बता दिया, अब उनकी क्लास लगेगी ;)

भुवनेश शर्मा ने कहा…

तभी आप मुझसे हर बार मेरा नंबर मांगते हैं....मुझे लगता है आप इसे अपने मोबाइल में सेव क्‍यों नहीं कर लेते :)

'उदय' ने कहा…

... bahut sundar !!!

योगेन्द्र मौदगिल ने कहा…

badiya jugaad hai bhai........jaankari ke liye sadhuwaad...

डॉ महेश सिन्हा ने कहा…

जीन्स